SBI Home Loan: आज के समय में अपना घर खरीदना हर परिवार का सपना होता है, लेकिन बढ़ती प्रॉपर्टी कीमतों के कारण ज्यादातर लोग होम लोन का सहारा लेते हैं। अगर आप State Bank of India यानी SBI से 10 लाख रुपये का होम लोन 10 साल के लिए लेने की योजना बना रहे हैं, तो पहले EMI और ब्याज का पूरा गणित समझ लेना जरूरी है। सही जानकारी होने से बाद में आर्थिक बोझ कम महसूस होता है।
SBI Home Loan का पूरा सालाना हिसाब
| वर्ष | मूल रकम (Principal) | ब्याज (Interest) | कुल भुगतान | बची हुई रकम |
|---|---|---|---|---|
| 2026 | ₹41,316 | ₹62,202 | ₹1,03,518 | ₹9,58,684 |
| 2027 | ₹67,073 | ₹88,204 | ₹1,55,277 | ₹8,91,611 |
| 2028 | ₹73,729 | ₹81,548 | ₹1,55,277 | ₹8,17,882 |
| 2029 | ₹81,047 | ₹74,230 | ₹1,55,277 | ₹7,36,835 |
| 2030 | ₹89,091 | ₹66,186 | ₹1,55,277 | ₹6,47,744 |
| 2031 | ₹97,933 | ₹57,344 | ₹1,55,277 | ₹5,49,812 |
| 2032 | ₹1,07,652 | ₹47,625 | ₹1,55,277 | ₹4,42,159 |
| 2033 | ₹1,18,336 | ₹36,941 | ₹1,55,277 | ₹3,23,823 |
| 2034 | ₹1,30,081 | ₹25,196 | ₹1,55,277 | ₹1,93,742 |
| 2035 | ₹1,42,991 | ₹12,286 | ₹1,55,277 | ₹50,751 |
| 2036 | ₹50,751 | ₹1,008 | ₹51,759 | ₹0 |
9.5% ब्याज दर पर कितनी होगी EMI?
अगर SBI आपको 9.5 प्रतिशत सालाना ब्याज दर पर 10 लाख रुपये का होम लोन देता है, तो 10 साल की अवधि के लिए हर महीने करीब 12,940 रुपये EMI चुकानी होगी। यानी अगले 120 महीनों तक आपको नियमित किस्त जमा करनी पड़ेगी।
इस लोन में सबसे बड़ी बात यह है कि शुरुआत के वर्षों में EMI का बड़ा हिस्सा ब्याज में चला जाता है और धीरे-धीरे मूल रकम यानी प्रिंसिपल कम होने लगता है। इसलिए होम लोन लेते समय लंबी अवधि का पूरा हिसाब समझना बेहद जरूरी माना जाता है।
कुल कितना ब्याज देना पड़ेगा?
10 साल की अवधि में 10 लाख रुपये के इस होम लोन पर कुल ब्याज करीब 5,52,771 रुपये तक पहुंच जाएगा। यानी बैंक को आपको कुल मिलाकर लगभग 15,52,771 रुपये वापस करने होंगे।
सीधे शब्दों में कहें तो आपने जितना लोन लिया है, उसके मुकाबले करीब साढ़े पांच लाख रुपये अतिरिक्त ब्याज के रूप में चुकाने पड़ेंगे। यही कारण है कि होम लोन लेते समय ब्याज दर और अवधि दोनों पर ध्यान देना जरूरी होता है।
हर साल कैसे घटेगा आपका लोन?
लोन की शुरुआत में आपकी EMI का बड़ा हिस्सा ब्याज चुकाने में जाता है। उदाहरण के तौर पर शुरुआती साल में करीब 62 हजार रुपये सिर्फ ब्याज के रूप में जमा होंगे। वहीं जैसे-जैसे समय आगे बढ़ेगा, ब्याज कम होता जाएगा और प्रिंसिपल तेजी से घटने लगेगा।
2030 के बाद लोन का बड़ा हिस्सा मूल रकम में एडजस्ट होने लगता है। आखिरी वर्षों में ब्याज काफी कम रह जाता है और लोन तेजी से खत्म होने लगता है। यही वजह है कि अगर बीच में प्रीपेमेंट किया जाए तो कुल ब्याज में अच्छी बचत हो सकती है।
होम लोन लेने से पहले इन बातों का रखें ध्यान
होम लोन लेने से पहले अपनी मासिक आय और खर्च का सही आकलन जरूर करें। कोशिश करें कि EMI आपकी सैलरी पर ज्यादा दबाव न डाले। साथ ही अलग-अलग बैंकों की ब्याज दर और प्रोसेसिंग फीस की तुलना भी जरूरी है।
अगर आपका सिबिल स्कोर अच्छा है, तो बैंक कम ब्याज दर ऑफर कर सकता है। वहीं समय-समय पर थोड़ा-थोड़ा प्रीपेमेंट करने से लाखों रुपये का ब्याज बचाया जा सकता है।


